देश के करोड़ों किसानों के लिए खुशखबरी है। प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना की 22वीं किस्त जल्द ही जारी होने वाली है। हर साल की तरह इस बार भी पात्र किसानों के खाते में 2000 रुपये की रकम सीधे DBT के जरिए आएगी। यह योजना 2018 में शुरू हुई थी और तब से लेकर अब तक 21 किस्तें किसानों को मिल चुकी हैं। हर किस्त से 11 करोड़ से ज्यादा किसान परिवारों को फायदा हो रहा है। अगर आप भी किसान हैं और इस योजना के लाभार्थी हैं तो यह खबर आपके लिए बेहद जरूरी है। आइए विस्तार से जानते हैं कि 22वीं किस्त कब आएगी, कौन से किसान पात्र हैं और अपना स्टेटस कैसे चेक करें।
PM किसान योजना क्या है
प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना केंद्र सरकार की एक महत्वपूर्ण योजना है जिसके तहत छोटे और सीमांत किसानों को हर साल 6000 रुपये की आर्थिक सहायता दी जाती है। यह राशि तीन समान किस्तों में दी जाती है यानी हर चार महीने में 2000 रुपये। पहली किस्त अप्रैल से जुलाई के बीच आती है, दूसरी अगस्त से नवंबर के बीच और तीसरी दिसंबर से मार्च के बीच। यह पैसा सीधे किसान के बैंक खाते में DBT यानी डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर के जरिए भेजा जाता है। इससे बीच में कोई दलाली या भ्रष्टाचार नहीं होता। योजना शुरू होने से अब तक 2.8 लाख करोड़ रुपये से ज्यादा किसानों को मिल चुके हैं।
22वीं किस्त कब आएगी
PM किसान योजना की 21वीं किस्त अक्टूबर 2025 में आई थी। पैटर्न के हिसाब से 22वीं किस्त फरवरी-मार्च 2026 के बीच आने की उम्मीद है। आमतौर पर सरकार हर किस्त 4 महीने के गैप पर भेजती है। कुछ खबरों के मुताबिक सरकार फरवरी के आखिरी हफ्ते या मार्च के पहले हफ्ते में 22वीं किस्त जारी कर सकती है। हालांकि आधिकारिक घोषणा अभी नहीं हुई है। पिछली किस्तें देखें तो कभी-कभी थोड़ी देरी भी हो जाती है लेकिन किस्त जरूर आती है। किसानों को सलाह दी जाती है कि अपना eKYC, आधार लिंकिंग और बैंक डिटेल्स अपडेट रखें ताकि किस्त आने में कोई दिक्कत न हो।
किन किसानों को मिलेगी किस्त
PM किसान योजना का लाभ उन किसानों को मिलता है जिनके पास 2 हेक्टेयर यानी 5 एकड़ तक की कृषि योग्य भूमि है। हालांकि अब यह सीमा हटा दी गई है और सभी किसान परिवार पात्र हैं। किसान के नाम पर खेती की जमीन होनी चाहिए। जमीन के कागजात सही होने चाहिए। किसान का नाम भूमि रिकॉर्ड में दर्ज होना चाहिए। बैंक खाता आधार से लिंक होना जरूरी है। eKYC पूरी होनी चाहिए। अगर ये सब शर्तें पूरी हैं तो 22वीं किस्त आपके खाते में जरूर आएगी। जिन किसानों का रजिस्ट्रेशन पहले हो चुका है वे ऑटोमेटिक लाभार्थी हैं।
कौन से किसान पात्र नहीं हैं
कुछ कैटेगरी के किसान इस योजना के पात्र नहीं हैं। अगर कोई व्यक्ति या परिवार का सदस्य सरकारी नौकरी में है तो वे पात्र नहीं हैं। रिटायर्ड सरकारी कर्मचारी जिनकी पेंशन 10000 रुपये प्रति माह से ज्यादा है वे भी पात्र नहीं। डॉक्टर, इंजीनियर, वकील, CA जैसे प्रोफेशनल लोग पात्र नहीं हैं। आयकर देने वाले किसान पात्र नहीं हैं। संवैधानिक पदों पर रहे लोग, पूर्व या वर्तमान सांसद-विधायक, मंत्री इस योजना के लिए पात्र नहीं हैं। अगर किसी ने गलत तरीके से रजिस्ट्रेशन करवाया है तो उनका नाम लिस्ट से हटाया जा रहा है और पैसा वापस वसूला जा रहा है।
eKYC क्यों जरूरी है
पिछले कुछ किस्तों से सरकार ने eKYC को अनिवार्य कर दिया है। अगर आपका eKYC नहीं हुआ है तो किस्त रुक सकती है। eKYC का मतलब है इलेक्ट्रॉनिक नो योर कस्टमर यानी आपकी पहचान का डिजिटल सत्यापन। इससे फर्जी लाभार्थियों को रोका जा सकता है। eKYC दो तरीके से हो सकता है – एक आधार बेस्ड OTP से और दूसरा बायोमेट्रिक से। ज्यादातर किसान नजदीकी जन सेवा केंद्र या लोक मित्र केंद्र जाकर बायोमेट्रिक eKYC करवा रहे हैं। इसमें फिंगरप्रिंट या आईरिस स्कैन होता है। 5 मिनट में प्रोसेस पूरी हो जाती है।
ऑनलाइन स्टेटस कैसे चेक करें
अपने PM किसान खाते का स्टेटस चेक करने के लिए pmkisan.gov.in वेबसाइट पर जाएं। होम पेज पर Beneficiary Status का ऑप्शन दिखेगा। उस पर क्लिक करें। तीन विकल्प मिलेंगे – आधार नंबर से, अकाउंट नंबर से या मोबाइल नंबर से। कोई एक चुनें और डिटेल्स भरें। Get Data बटन पर क्लिक करें। आपकी सारी जानकारी दिख जाएगी। कितनी किस्तें मिल चुकी हैं, कब-कब मिलीं, कितनी रकम आई, सब दिखेगा। अगर कोई किस्त पेंडिंग है तो उसका कारण भी बताया जाता है। Beneficiary List में भी अपना नाम चेक कर सकते हैं।
किस्त न आने के मुख्य कारण
कई बार किसानों की किस्त नहीं आती। इसके कुछ मुख्य कारण हैं। सबसे बड़ा कारण है eKYC न होना। दूसरा कारण है आधार नंबर बैंक खाते से लिंक न होना। तीसरा कारण है गलत या अपडेट न की गई बैंक डिटेल्स। कई बार बैंक अकाउंट नंबर या IFSC कोड गलत भरा होता है। कभी-कभी भूमि रिकॉर्ड में विसंगति होती है। अगर जमीन के कागजात में कोई विवाद चल रहा है तो किस्त रुक सकती है। कुछ मामलों में डुप्लीकेट रजिस्ट्रेशन पकड़ा जाता है तो वह बंद कर दिया जाता है। इन सब समस्याओं को दूर करने के लिए नजदीकी कृषि विभाग के कार्यालय या जन सेवा केंद्र जाएं।
आधार-बैंक लिंकिंग कैसे करें
अगर आपका आधार बैंक खाते से लिंक नहीं है तो जल्द से जल्द करवा लें। अपनी बैंक ब्रांच जाएं। अपना आधार कार्ड और बैंक पासबुक साथ ले जाएं। बैंक में एक फॉर्म भरना होगा। आधार नंबर लिखना होगा। फिंगरप्रिंट या OTP से वेरिफिकेशन होगा। कुछ ही मिनटों में लिंकिंग हो जाएगी। कुछ बैंकों में ऑनलाइन भी लिंकिंग हो सकती है। नेट बैंकिंग या मोबाइल ऐप से Link Aadhaar का ऑप्शन मिलेगा। वहां आधार नंबर डालें और OTP से कन्फर्म करें। आधार लिंकिंग बहुत जरूरी है क्योंकि इसके बिना कोई भी सरकारी पैसा नहीं आ सकता।
लाभार्थी लिस्ट में नाम कैसे देखें
अपने गांव या क्षेत्र की PM किसान लाभार्थी लिस्ट देखने के लिए pmkisan.gov.in पर जाएं। Beneficiary List का ऑप्शन चुनें। अपना राज्य, जिला, उप-जिला, ब्लॉक और गांव सेलेक्ट करें। Get Report बटन पर क्लिक करें। आपके गांव के सभी लाभार्थियों की लिस्ट खुल जाएगी। इसमें नाम, पिता का नाम, खाता नंबर, आधार नंबर (आंशिक), जमीन का विवरण सब दिखेगा। लिस्ट में अपना नाम ढूंढें। अगर नाम नहीं है और आप पात्र हैं तो रजिस्ट्रेशन करवाएं। अगर नाम है लेकिन किस्त नहीं आ रही तो स्टेटस चेक करें कि क्या दिक्कत है।
नया रजिस्ट्रेशन कैसे करें
अगर आप किसान हैं और अभी तक PM किसान योजना में रजिस्टर नहीं हुए हैं तो जल्द से जल्द करवा लें। नजदीकी जन सेवा केंद्र या लोक मित्र केंद्र जाएं। अपने साथ ये दस्तावेज ले जाएं – आधार कार्ड, बैंक पासबुक, जमीन के कागजात (खतौनी, खसरा-खतौनी), मोबाइल नंबर। CSC ऑपरेटर ऑनलाइन फॉर्म भरेगा। सभी डिटेल्स और दस्तावेज अपलोड करेगा। फिर eKYC भी करवा देगा। रजिस्ट्रेशन की रसीद मिलेगी। कुछ राज्यों में ऑनलाइन खुद भी रजिस्ट्रेशन किया जा सकता है। pmkisan.gov.in पर Farmers Corner में New Farmer Registration का ऑप्शन है।
खाते में गलत डिटेल्स कैसे सुधारें
अगर आपके PM किसान रिकॉर्ड में कोई गलती है तो उसे सुधारा जा सकता है। नाम की स्पेलिंग गलत है, बैंक अकाउंट नंबर गलत है, आधार नंबर गलत दर्ज है, जमीन का विवरण गलत है – इन सब को ठीक करवाया जा सकता है। pmkisan.gov.in पर Farmers Corner में Edit Aadhaar Details का ऑप्शन है। वहां से आधार नंबर तो खुद ठीक कर सकते हैं। बाकी चीजों के लिए नजदीकी कृषि विभाग के कार्यालय जाना होगा। सही दस्तावेजों के साथ सुधार का आवेदन दें। 15-20 दिन में आपकी डिटेल्स अपडेट हो जाएंगी।
मोबाइल नंबर कैसे अपडेट करें
अगर आपका मोबाइल नंबर बदल गया है तो उसे PM किसान पोर्टल पर अपडेट करना बहुत जरूरी है। क्योंकि सारी सूचनाएं SMS से आती हैं। pmkisan.gov.in पर जाएं और Edit Profile या Update Mobile Number का ऑप्शन ढूंढें। कुछ राज्यों में यह सुविधा ऑनलाइन है और कुछ में ऑफलाइन। अगर ऑनलाइन है तो आधार नंबर से लॉगिन करें और नया मोबाइल नंबर डालें। OTP से वेरीफाई करें। अगर ऑनलाइन नहीं है तो जन सेवा केंद्र या कृषि विभाग के ऑफिस जाकर अपडेट करवाएं। नया मोबाइल नंबर आधार से भी लिंक होना चाहिए।
बैंक खाता कैसे बदलें
कई बार किसानों को अपना बैंक खाता बदलने की जरूरत पड़ती है। पुराना खाता बंद हो गया हो या किसी और बैंक में नया खाता खुलवाया हो। PM किसान में बैंक खाता बदलने के लिए pmkisan.gov.in पर Farmers Corner में जाएं। Update Bank Account Details का ऑप्शन होगा। आधार नंबर से लॉगिन करें। नया बैंक अकाउंट नंबर, IFSC कोड, बैंक का नाम भरें। पासबुक की स्कैन कॉपी अपलोड करें। कुछ राज्यों में यह ऑनलाइन अप्रूवल हो जाता है और कुछ में ऑफलाइन वेरिफिकेशन होता है। सबसे अच्छा तरीका है कि अपने गांव के लेखपाल या पटवारी से मिलें और उनसे बैंक डिटेल्स अपडेट करवाएं।
किस्त का पैसा वापस क्यों मांगा जाता है
कई बार ऐसा होता है कि गलती से किसी अपात्र व्यक्ति के खाते में PM किसान का पैसा चला जाता है। फिर सरकार वह रकम वापस मांगती है। अगर कोई सरकारी कर्मचारी है और उसने छुपाकर रजिस्ट्रेशन करवाया, अगर किसी की जमीन नहीं है या जमीन विवादित है, अगर आयकर दाता है और फिर भी लाभ ले रहा है, अगर डुप्लीकेट रजिस्ट्रेशन है – ऐसी सब स्थितियों में पैसा वापस मांगा जाता है। सरकार ने पिछले साल हजारों अपात्र लाभार्थियों को नोटिस भेजा था। अगर आपको ऐसा कोई नोटिस मिले तो जल्द से जल्द पैसा लौटा दें वरना कानूनी कार्रवाई हो सकती है।
PM किसान ऐप से सब कुछ करें
सरकार ने PM Kisan Mobile App भी लॉन्च किया है जिससे किसान अपने मोबाइल से सब कुछ कर सकते हैं। यह ऐप Google Play Store पर उपलब्ध है। ऐप डाउनलोड करें और अपने आधार नंबर से लॉगिन करें। ऐप में आप अपना स्टेटस चेक कर सकते हैं, किस्तों का हिसाब देख सकते हैं, eKYC कर सकते हैं, बैंक डिटेल्स अपडेट कर सकते हैं, शिकायत दर्ज कर सकते हैं। ऐप बहुत यूजर फ्रेंडली है और हिंदी समेत कई भाषाओं में उपलब्ध है। हर किस्त आने से पहले ऐप पर नोटिफिकेशन आता है। किसानों को सलाह दी जाती है कि यह ऐप जरूर रखें।
किसान क्रेडिट कार्ड का फायदा
PM किसान योजना के लाभार्थी किसान क्रेडिट कार्ड यानी KCC के लिए भी अप्लाई कर सकते हैं। KCC से किसानों को 3 लाख रुपये तक का लोन मिल सकता है वो भी बहुत कम ब्याज दर पर। यह लोन खेती के काम के लिए होता है – बीज खरीदने, खाद खरीदने, मशीनरी के लिए। समय पर चुकाने पर 3 प्रतिशत की छूट भी मिलती है। कई बैंक PM किसान डेटाबेस से सीधे KCC बना रहे हैं। अगर आपको PM किसान का लाभ मिल रहा है तो KCC जरूर बनवाएं। यह खेती के काम में बहुत मदद करता है।
किसान सम्मान निधि और दूसरी योजनाएं
PM किसान योजना के अलावा केंद्र और राज्य सरकारें किसानों के लिए और भी बहुत सी योजनाएं चलाती हैं। प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना जिसमें फसल खराब होने पर मुआवजा मिलता है। किसान क्रेडिट कार्ड। सॉयल हेल्थ कार्ड। PM कुसुम योजना जिसमें सोलर पंप मिलता है। कई राज्यों में अपनी-अपनी किसान सम्मान योजनाएं हैं। ओडिशा में KALIA योजना, तेलंगाना में रायथु बंधु, पश्चिम बंगाल में कृषक बंधु। इन सब योजनाओं की जानकारी लें और लाभ उठाएं। कृषि विभाग के ऑफिस या नजदीकी कृषि विज्ञान केंद्र से संपर्क करें।
शिकायत कैसे दर्ज करें
अगर PM किसान योजना से जुड़ी कोई समस्या है तो शिकायत दर्ज कर सकते हैं। pmkisan.gov.in पर Help Desk या Grievance का सेक्शन है। वहां अपनी समस्या लिखें। आधार नंबर, मोबाइल नंबर दें। शिकायत सबमिट करने पर एक टिकट नंबर मिलेगा। उससे अपनी शिकायत की स्थिति ट्रैक कर सकते हैं। आमतौर पर 15 दिन में शिकायत का समाधान हो जाता है। टोल फ्री नंबर 155261 या 011-24300606 पर भी कॉल कर सकते हैं। ईमेल pmkisan-ict@gov.in पर भी लिख सकते हैं। अपने राज्य के PM किसान नोडल अधिकारी से भी संपर्क कर सकते हैं।
22वीं किस्त के साथ और क्या उम्मीद
कुछ रिपोर्ट्स के मुताबिक सरकार PM किसान की राशि बढ़ाने पर विचार कर रही है। फिलहाल 6000 रुपये सालाना मिलते हैं। इसे 8000 या 10000 रुपये करने की मांग कई किसान संगठनों ने की है। हालांकि अभी कोई आधिकारिक घोषणा नहीं हुई है। 2024 के आम चुनाव में कई राजनीतिक दलों ने यह वादा किया था। अगर राशि बढ़ती है तो शायद 22वीं किस्त से ही लागू हो सकती है। किसानों को उम्मीद है कि महंगाई को देखते हुए सरकार राशि जरूर बढ़ाएगी। फिलहाल तो 2000 रुपये ही मिलेंगे लेकिन भविष्य में बढ़ सकती है।
डिजिटल इंडिया और किसान
PM किसान योजना डिजिटल इंडिया का एक बेहतरीन उदाहरण है। सब कुछ ऑनलाइन है। आवेदन ऑनलाइन, सत्यापन ऑनलाइन, पैसा DBT से। किसानों को कहीं जाने की जरूरत नहीं। न किसी दफ्तर के चक्कर काटने हैं न किसी दलाल को पैसे देने हैं। अपने मोबाइल से सब काम हो जाता है। यह पारदर्शिता और जवाबदेही का अच्छा उदाहरण है। जो किसान अभी तक डिजिटल नहीं हुए हैं उन्हें सलाह दी जाती है कि जल्द से जल्द स्मार्टफोन लें, इंटरनेट चलाना सीखें। गांव के युवा अपने बुजुर्ग किसानों की मदद करें। डिजिटल साक्षरता बहुत जरूरी है।
सफलता की कहानियां
PM किसान योजना ने लाखों किसान परिवारों की जिंदगी बदली है। उत्तर प्रदेश के किसान रामस्वरूप बताते हैं कि 6000 रुपये से वे बीज और खाद खरीद लेते हैं। बिहार के किसान मुन्ना लाल कहते हैं कि यह पैसा छोटे किसानों के लिए बड़ी मदद है। महाराष्ट्र की किसान सुमन ताई जिनके पास सिर्फ 1 एकड़ जमीन है वे कहती हैं कि हर चार महीने में 2000 रुपये आना एक सहारा जैसा है। राजस्थान के किसान लक्ष्मण सिंह बताते हैं कि उन्होंने इस पैसे को जोड़कर ड्रिप इरिगेशन सिस्टम लगाया। ऐसी हजारों कहानियां हैं जो इस योजना की सफलता को दर्शाती हैं।
Disclaimer
यह लेख केवल सामान्य जानकारी के उद्देश्य से लिखा गया है। PM किसान सम्मान निधि योजना की 22वीं किस्त की सही तारीख की आधिकारिक घोषणा अभी नहीं हुई है। यहां दी गई तारीख पिछले पैटर्न और मीडिया रिपोर्ट्स के आधार पर अनुमानित है। योजना से जुड़े नियम, पात्रता और प्रक्रिया समय-समय पर बदल सकती है। किस्त की राशि बढ़ाने की बात केवल चर्चा के आधार पर है, कोई आधिकारिक घोषणा नहीं है। सही और नवीनतम जानकारी के लिए pmkisan.gov.in वेबसाइट देखें या टोल फ्री नंबर 155261 पर कॉल करें। किसी भी निर्णय से पहले अपनी पात्रता, eKYC स्टेटस और बैंक डिटेल्स की जांच अवश्य करें। यह लेख किसी सरकारी विभाग का आधिकारिक बयान नहीं है।
